Hasya Kavita

Hasya Kavita in Hindi, Hasyakavita, Funny Shayari, Funny Hindi Poems, हिन्दी हास्य कविता, हास्य कविता

275 Posts

201 comments

Reader Blogs are not moderated, Jagran is not responsible for the views, opinions and content posted by the readers.
blogid : 4683 postid : 605

चिम्पंजी की आखरी नसल कहीं खो गई

Posted On: 5 Mar, 2013 में

  • SocialTwist Tell-a-Friend

दोस्तों की बंदगी बेहद अजीब होती है. दोस्ती जीवन का ऐसा रिश्ता होता है जिसके बारें में जितना कहा जाए कम ही होगा. दोस्ती के रिश्ते में ना सिर्फ इंसान बल्कि भगवान भी बंधे थे. कौन भूल सकता है कृष्ण और सुदामा की दोस्ती. दोस्ती के ऐसे ही खट्टे मिठे रिश्ते को बयां करती है यह हास्य कविता.


देखा तुझे तो रूह खुश हो गई,

एक कमी थी वो भी पुरी हो गई.

पागल हैं वो लोग जो कहते हैं की,

चिम्पंजी की आखरी नसल कहीं खो गई..

तारीफ के काबील हम कहाँ

चर्चा तो आपकी चलती है

सब कुछ तो है आपके पास

बस सींग और पुँछ की कमी खलती है

इतना खुबसूरत कैसे मुस्कुरा लेते हो

इतना कातिल कैसे शर्मा लेते हो

एक बात बताओ दोस्त बचपन से ही कमीने हो

या सूरत ही ऐसी बना लेते हो

तुमसा कोई दूसरा जमीन पर हुआ

तो रब से सिकायत होगी….

एक तो झेला नही जाता

दूसरा आ गया तो क्या हालत होगी….

खुदा करे तुम जिन्दगी में बहुत आगे बडो!!!

इतने आगे बडो की जिससे मिलो वो कहे

-ऐ बाबा चलो चलो आगे बडो..

मैं तुम्हारे लिए सब कुछ करता……

मगर मुझे काम था……

मैं तुम्हारे लिए डूब के मरता……

मगर मुझे जुखाम था……

Tag: Hasyakavita, Hindi Hasya Kavita, Kavita in hindi font, hindi poem, funny poem in hindi font, Hindi Font, Hasya Kavita



Tags:               

Rate this Article:

1 Star2 Stars3 Stars4 Stars5 Stars (5 votes, average: 4.20 out of 5)
Loading ... Loading ...

1 प्रतिक्रिया

  • SocialTwist Tell-a-Friend

Post a Comment

CAPTCHA Image
*

Reset

नवीनतम प्रतिक्रियाएंLatest Comments

graceluv के द्वारा
March 12, 2013

Hello Dear! My name is Grace, I saw your profile and would like to get in touch with you If you’re interested in me too then please send me a message as quickly as possible. (gracevaye22@hotmail.com) Greetings Grace


topic of the week



latest from jagran